भारत में मई की रातें अब पहले जैसी नहीं रही। रात के ग्यारह बजे भी दीवारें गर्म रहती हैं। पंखा चलता रहता है, मगर हवा में राहत नहीं होती। नोएडा की किसी सोसाइटी में इन्वर्टर की बीप सुनाई देती है। लखनऊ के किराए के कमरे में बच्चा करवट बदलता है। अहमदाबाद में कोई बुज़ुर्ग बालकनी…
Category: जीवाश्म ईंधन
कोयले के प्लांट बढ़े, मगर दुनिया ने कम जलाया कोयला
दुनिया अजीब मोड़ पर खड़ी है।एक तरफ नए कोयला बिजलीघर अब भी बन रहे हैं। दूसरी तरफ उन्हीं देशों में कोयले से बनने वाली बिजली घट रही है। यानी प्लांट बढ़ रहे हैं, लेकिन कोयला पहले जितना जल नहीं रहा। यही तस्वीर सामने आई है Global Energy Monitor की नई रिपोर्ट Boom and Bust 2026 में।…
रिसाव जो दिखता नहीं, असर जो रुकता नहीं: मीथेन की कहानी
दुनिया इस वक्त ऊर्जा संकट और क्लाइमेट संकट, दोनों के बीच खड़ी है। एक तरफ गैस की कमी की चिंता है, दूसरी तरफ वही गैस हवा में बेवजह उड़ रही है। यह विरोधाभास अब और साफ दिखने लगा है। International Energy Agency की नई रिपोर्ट Global Methane Tracker 2026 इसी कहानी को सामने लाती है।…
हर घर कुछ कहता है, मगर छिपा कार्बन वहां खामोश रहता है
जब हम नया घर बनाते हैं, तो अक्सर सोचते हैं कि बिजली का बिल कितना आएगा, AC कितना चलेगा, या घर कितना ठंडा रहेगा। लेकिन एक सच्चाई ऐसी भी है, जो घर बनते ही शुरू हो जाती है, और दिखती नहीं। वो है उस घर में “छिपा हुआ कार्बन”। Greentech Knowledge Solutions की एक नई…
क्लाइमेट के मोर्चे पर स्टील सेक्टर फेल. स्कोरकार्ड ने खोली पोल
दुनिया की ऊंची-ऊंची इमारतें, पुल, रेल और फैक्ट्रियां जिस स्टील पर खड़ी हैं, उसी स्टील सेक्टर की क्लाइमेट तैयारी अब सवालों के घेरे में है। क्लाइमेट वाच द्वारा जारी नए “कॉरपोरेट स्कोरकार्ड” ने एक साफ और असहज तस्वीर सामने रखी है, जिसमें दुनिया की 18 बड़ी स्टील कंपनियों में से एक भी ऐसी नहीं है…
धीमी पड़ी एमिशन की रफ्तार, क्या भारत एनर्जी ट्रांजिशन के मोड़ पर है
भारत की अर्थव्यवस्था के साथ एमिशन के तेजी से बढ़ने का जो पुराना पैटर्न रहा है, उसमें 2025 एक अलग संकेत लेकर आया है। Centre for Research on Energy and Clean Air के विश्लेषण, जिसे Lauri Myllyvirta और Anubha Bhardwaj ने तैयार किया है, के अनुसार 2025 में भारत के कार्बन डाइऑक्साइड एमिशन में वृद्धि…
वो छोटा सा मॉलिक्यूल… जो LPG के खेल को बदल सकता है
कहीं पुणे की एक लैब में, दो मेथेनॉल के मॉलिक्यूल आपस में जुड़ रहे हैं।बीच से पानी का एक अणु हटता है… और बनता है एक नया ईंधन, DME।सुनने में छोटा लगता है।पर असर… बहुत बड़ा हो सकता है। आज सच ये है कि भारत अपनी रसोई के लिए भी पूरी तरह आत्मनिर्भर नहीं है।हम…
तेल संकट पर IEA: आदत बदलें, बदलें असर
मिडिल ईस्ट में चल रही जंग अब सिर्फ खबर नहीं रही, यह सीधे आपकी जेब, आपकी रसोई और आपके सफर तक पहुँच चुकी है।International Energy Agency की नई रिपोर्ट इसी बदलती हकीकत को सामने रखती है। रिपोर्ट कहती है कि यह सिर्फ एक और तेल संकट नहीं है, बल्कि अब तक का सबसे बड़ा सप्लाई…
दिखने लगा EVs का असर, 2025 में ईरान के 70% निर्यात के बराबर तेल की बचत
दुनिया की सड़कों पर एक शांत बदलाव चल रहा है, और अब उसके असर आंकड़ों में साफ दिखने लगे हैं। 2025 में वैश्विक स्तर पर इलेक्ट्रिक वाहनों ने मिलकर करीब 1.7 मिलियन बैरल प्रति दिन तेल की खपत टाल दी, जो लगभग ईरान के कुल तेल निर्यात के 70% के बराबर है। यह आकलन ग्लोबल…
हॉर्मुज़ की हलचल से खेतों तक पहुंचा संकट. उर्वरक निर्भरता पर बड़ा सवाल
रातों-रात कुछ नहीं बदलता। लेकिन दुनिया की सबसे अहम समुद्री गलियों में अगर हलचल बढ़ जाए, तो उसका असर चुपचाप खेतों तक पहुंच जाता है। इसी कड़ी में एक नई रिपोर्ट ने भारत के उर्वरक सिस्टम की एक गहरी कमजोरी की ओर इशारा किया है। रिपोर्ट कहती है कि पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, खासकर…