दुनिया में जलवायु परिवर्तन पर बातचीत अब सिर्फ़ संयुक्त राष्ट्र के मंचों और COP सम्मेलनों तक सीमित नहीं रह गई है। अब इसकी झलक व्यापार और आर्थिक साझेदारी समझौतों में भी दिखाई देने लगी है। यानी देश अब सिर्फ़ यह तय नहीं कर रहे कि किन वस्तुओं पर शुल्क कम होगा या व्यापार कैसे बढ़ेगा।…
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वर्ल्ड बैंक ने हटाया 45% क्लाइमेट फाइनेंस लक्ष्य, क्या अब जलवायु अनुकूलन के लिए पैसा जुटाना होगा और मुश्किल?
जलवायु परिवर्तन से लड़ने के लिए सिर्फ़ लक्ष्य तय करना काफी नहीं होता। उसके लिए पैसा भी चाहिए। बाढ़ से बचाने वाले तटबंध बनाने हों। शहरों को भीषण गर्मी के लिए तैयार करना हो। सूखे का सामना करने वाली खेती विकसित करनी हो। या समुद्र किनारे बसे इलाकों को सुरक्षित बनाना हो। इन सबके लिए…
यूरोप में भी अब भारत जैसी गर्मी, जलवायु परिवर्तन ने जून की हीटवेव को बना दिया और खतरनाक
एक समय था जब भीषण गर्मी की खबरें ज़्यादातर भारत, पाकिस्तान या पश्चिम एशिया से आती थीं। यूरोप की पहचान अपेक्षाकृत ठंडे मौसम वाले महाद्वीप के रूप में होती थी। लेकिन अब तस्वीर बदल रही है। इस साल जून के आखिरी दिनों में पश्चिमी यूरोप के कई हिस्सों में पड़ी रिकॉर्डतोड़ गर्मी को लेकर आई…
जापान से एशिया पहुंच रही अमेरिकी एलएनजी, जलवायु पर असर 17 कोयला बिजलीघरों के बराबर: रिपोर्ट
जब एशिया के कई देश ऊर्जा सुरक्षा की बात करते हैं, तो अक्सर उनकी नज़र एलएनजी पर जाती है। इसे कोयले की तुलना में अपेक्षाकृत कम उत्सर्जन वाला ईंधन बताया गया।इसे एनर्जी ट्रांजिशन का एक पुल कहा गया।और इसे ऐसी व्यवस्था के रूप में पेश किया गया जो देशों को धीरे-धीरे रिन्यूएबल एनर्जी की ओर…
महसूस की है ग्लोबल वार्मिंग, कहना है 84% भारतीयों का
गर्मी अब सिर्फ मौसम नहीं रही। वह बातचीत का हिस्सा बन चुकी है। गांव के चौपाल से लेकर शहर के दफ्तर तक, लोग अब सिर्फ यह नहीं कह रहे कि गर्मी बढ़ गई है। वे यह भी कह रहे हैं कि मौसम पहले जैसा नहीं रहा। येल प्रोग्राम ऑन क्लाइमेट चेंज कम्युनिकेशन और सी-वोटर इंटरनेशनल…
एनर्जी सिक्योरिटी के लिए अब आयात नहीं, उत्पादन ज़रूरी
एशिया की अर्थव्यवस्था तेज़ी से बढ़ रही है। नई फैक्ट्रियां बन रही हैं। सड़कें लंबी हो रही हैं। गाड़ियों की संख्या बढ़ रही है। एयर कंडीशनर, डेटा सेंटर और उद्योगों की बिजली मांग लगातार ऊपर जा रही है। लेकिन इस विकास की एक बड़ी कीमत भी है। एशिया अपनी ऊर्जा का बड़ा हिस्सा बाहर से…
एनर्जी सिक्योरिटी के लिए समुंदर में उगाने होंगे पवन चक्कियों के जंगल
दुनिया लंबे समय तक तेल और गैस की पाइपलाइनों पर टिकी रही। जहाँ ईंधन आता था, वहीं से ताकत आती थी। जहाँ आपूर्ति रुकती थी, वहीं संकट शुरू हो जाता था। लेकिन अब कई देश अपनी ऊर्जा सुरक्षा समुद्र की तरफ देख रहे हैं। जहाँ लहरों के बीच विशाल पवन चक्कियाँ खड़ी हो रही हैं।…
खेतों में बढ़ती गर्मी छीन रही काम के घंटे, दुनिया की खाद्य सुरक्षा पर नया खतरा
दोपहर की धूप में खेत हमेशा कठिन जगह रहे हैं। लेकिन अब कई देशों में खेत खतरनाक होते जा रहे हैं। क्योंकि गर्मी सिर्फ बढ़ नहीं रही, वह शरीर की काम करने की क्षमता छीन रही है। Energy and Climate Intelligence Unit यानी ECIU की नई analysis के मुताबिक दुनिया भर में बढ़ता heat stress…
दुनिया की बिजली में घट रही गैस की हिस्सेदारी, सौर ऊर्जा बदल रही ऊर्जा का भविष्य
कभी प्राकृतिक गैस को दुनिया की “साफ़” ऊर्जा का भविष्य बताया जाता था। कोयले से कम प्रदूषण करने वाला ईंधन। एक ऐसा सहारा, जो दुनिया को धीरे-धीरे नवीकरणीय ऊर्जा तक ले जाएगा। लेकिन अब तस्वीर बदलती दिख रही है। दुनिया की बिजली व्यवस्था में गैस की पकड़ लगातार कमजोर हो रही है। और उसकी जगह…
El Niño की आहट से डरा मानसून 2026, भारत के सामने सूखा, गर्मी और पानी संकट का खतरा
2026 की गर्मियों में भारत सिर्फ गर्मी से नहीं जूझ रहा।इस बार आसमान भी बेचैन है।समुद्र भी। और मौसम की दुनिया में चल रही हलचल का असर खेतों से लेकर बिजली, पानी, खाद्य सुरक्षा और लोगों की रोज़मर्रा की ज़िंदगी तक पहुँच सकता है।साल की शुरुआत कमजोर ला नीना से हुई थी। अभी दुनिया ENSO…