Need to consider the interests of coal miners to ensure a truly just transition
Category: रिन्युब्ल
क्या कर पाएंगे हम 100GW सोलर क्षमता का लक्ष्य हासिल?
इस साल के अंत तक भारत ने अपने लिए 100 गीगावाट की सौर क्षमता एसटीहपीत करने का लक्ष्य रखा था। लेकिन जेएमके रिसर्च और इंस्टीट्यूट फॉर एनेर्जी इक्नोमिक्स एंड फ़ाइनेंष्यल एनालिसिस (IEEFA) की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, भारत अपने इस लक्ष्य से काफ़ी पीछे रह जाएगा। दरअसल, लक्ष्य हासिल न कर पाने की मुख्य वजह है रूफटॉप सोलर को आमजन से मिल रही फ़ीकी प्रतिक्रिया। दिसंबर 2021 तक, भारत की संचयी स्थापित सौर क्षमता 55GW थी, जिसमें ग्रिड-कनेक्टेड यूटिलिटी-स्केलप्रोजेक्ट्सका योगदान 77% था और शेष योगदान ग्रिड से जुड़े रूफटॉप सोलर (20%) और मिनी या माइक्रो ऑफ-ग्रिड प्रोजेक्ट्स (3%) से आ रहा था। . साल 2022 के केवल आठ…
अंततः आ गया है विंड और सौर का दौर
दुनिया भर में कुल बिजली उत्पादन में विंड और सोलर का हिस्सा दस फीसद से ज़्यादा, 2015 के बाद से हुआ दोगुनाआज जारी हुई एक रिपोर्ट से पता चलता है कि दुनिया के कुल बिजली उत्पादन में विंड और सोलर एनेर्जी अब कम से कम 10 फीसद की हिस्सेदार है।दरअसल यह दोनों ऊर्जा स्त्रोत पिछले…
परिवहन क्षेत्र के विद्युतीकरण से तेल आयात पर निर्भरता होगी कम
इस साल फरवरी में शुरू हुए यूक्रेन और रूस के बीच युद्ध के फैलने और रूस पर वैश्विक प्रतिबंधों के बाद से, तेल की कीमतें नियंत्रण से बाहर हो गई हैं, जिससे दुनिया भर में ईंधन की कीमतों में रिकॉर्ड उच्च वृद्धि हुई है। अंतर्राष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतें 7 मार्च को 140 डॉलर प्रति बैरल…
उत्तर प्रदेश और बिहार में सोलर माइक्रोग्रिड लगाने के लिए जारी हुई अब तक की सबसे बड़ी वित्तीय मदद
भारत के ग्रामीण क्षेत्रों में 140 माइक्रोग्रिड बनाने के लिए इस कंपनी को मिला आईआरईडीए से US$4 मिलियन का ऋण एक बेहद उत्साहजनक घटनाक्रम में, ग्रामीण भारत में लगभग डेढ़ सौ सोलर माइक्रोग्रिड लगाने के लिए इंडिया रिन्युब्ल एनेर्जी डेव्लपमेंट एजेंसी (IREDA) ने सवा चार मिलियन डॉलर का ऋण जारी किया है। यह ऋण मिला…
एनर्जी ट्रांजिशन के लिए उत्तर प्रदेश को करना होगा सौर पर गौर
रिन्युब्ल ऊर्जा क्षमता सम्बन्धी लक्ष्यों को हासिल करने के लिए रिन्युब्ल ऊर्जा उत्पादन क्षमता में हर साल औसतन 2.5 गीगावॉट की वृद्धि ज़रूरी रिन्युब्ल ऊर्जा क्षमता सम्बन्धी लक्ष्यों को जमीन पर उतारने के मामले में उत्तर प्रदेश अधिक ऊर्जा आवश्यकता वाले अन्य राज्यों के मुकाबले पिछड़ा हुआ है। इंस्टीट्यूट फॉर एनर्जी इकोनॉमिक्स एंड फाइनेंशियल एनालिसिस (आईईईएफए) और एनर्जी…
यह एप बताएगी आपका कार्बन फुटप्रिंट, करेगी मदद कार्बन न्यूट्रल होने में
प्रधान मंत्री मोदी के ग्लासगो में भारत के साल 2070 तक नेट ज़ीरो होने की घोषणा के बाद से नेट ज़ीरो ख़ासा चर्चित शब्द बन गया है। इतना कि गूगल पर “नेट ज़ीरो क्या होता है” लिखते ही 0.74 सेकंड में 3,78,00,00,000 नतीजे सामने आ गए। लेकिन भारत के नेट ज़ीरो होने के लिए सबसे…
COP26 में भारत ने ज़ीरो एमिशन वेहिकल्स को प्राथमिकता देने का लिया संकल्प
इस ग्लासगो समझौते ने की पेट्रोल और डीजल वाहनों के लिए सड़क के अंत की शुरुआत दुनिया के चौथे सबसे बड़ा ऑटो बाज़ार, भारत ने रवांडा, केन्या के साथ संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन (COP26) में, अपने बाजारों में शून्य उत्सर्जन वाहनों (ZEV) के ट्रांजिशन में तेजी लाने के लिए प्रतिबद्धता दिखाते हुए एक समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए…
जलवायु संकट और कोविड ने मिलाया हाथ, 140 मिलियन लोग झेल रहे एक साथ
चरम मौसम की घटनाओं और महामारी ने न सिर्फ एक साथ लाखों लोगों को बुरी तरह प्रभावित किया है, बल्कि जलवायु और कोविड संकट के संयोजन ने रिलीफ़ (राहत-सहायता प्रतिक्रिया) प्रयासों में बाधा डालने के साथ-साथ ‘अभूतपूर्व’ मानवीय ज़रूरतें पैदा की हैं। यह कहना है इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ रेड क्रॉस एंड रेड क्रिसेंट सोसाइटीज़ (IFRC) की एक रिपोर्ट…
जलवायु मुद्दे से जुड़ी भारत की 120 स्टार्टअप्स ने जुटाए 1.2 बिलियन डॉलर
इंपैक्ट इन्वेस्टर्स काउंसिल (आईआईसी), क्लाइमेट कलेक्टिव और अरेट एडवाइजर्स के एक ताजा अध्ययन के मुताबिक भारत में पिछले 5 वर्षों के दौरान जलवायु से जुड़े 120 टेक स्टार्टअप्स ने 1.2 बिलियन डॉलर से ज्यादा धनराशि एकत्र की है। भारत में जलवायु परिवर्तन संकट की गंभीरता को देखते हुए, कम कार्बन वाली टेक्नोलॉजी पर आधारित इन स्टार्टअप्स के लिए नेट जीरो ट्रांज़ीशन का…