क्या बदलते ऊर्जा बाज़ार के साथ कदम मिला पाएगा देश? भारत एक तरफ़ तेज़ी से रिन्यूएबल एनर्जी बढ़ा रहा है। दूसरी तरफ़ नई कोयला खदानों की तैयारी भी जारी है। यही विरोधाभास Global Energy Monitor (GEM) की नई रिपोर्ट “Still Digging 2026: Coal Mine Expansion Continues Despite Demand Plateau” सामने लाती है। रिपोर्ट कहती है…
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क्या यूरोप का कार्बन टैक्स भारत के लिए खतरा नहीं? क्या बन सकता है अवसर भी? नई रिपोर्ट ने बदली बहस की दिशा
यूरोपीय संघ (EU) के कार्बन बॉर्डर एडजस्टमेंट मैकेनिज्म (CBAM) को लेकर भारत में पिछले कुछ वर्षों से लगातार चिंता जताई जाती रही है। सरकार से लेकर उद्योग जगत तक, यह आशंका रही कि यूरोप का यह नया कार्बन टैक्स भारतीय इस्पात उद्योग की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को कमजोर कर देगा और निर्यात महंगा हो जाएगा। लेकिन…
ग्रीन स्टील नहीं होगी महंगी, अगर स्वच्छ बिजली और ग्रीन हाइड्रोजन बढ़ें साथ-साथ: नई रिपोर्ट
स्टील बनाना दुनिया के सबसे प्रदूषणकारी औद्योगिक कामों में से एक है। भारत जैसे देश के लिए चुनौती और भी बड़ी है। एक तरफ़ तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था को स्टील चाहिए, दूसरी तरफ़ कार्बन उत्सर्जन भी घटाना है। लेकिन क्या ग्रीन स्टील बनाना बहुत महंगा पड़ेगा? TransitionZero की नई रिपोर्ट कहती है, शायद नहीं। अगर…
सौर और पवन ऊर्जा हुई 100 गीगावाट पार, अब बिजली ग्रिड पर असली परीक्षा का वार
13 जुलाई को भारत के सौर और पवन ऊर्जा संयंत्रों ने कुछ समय के लिए 103.7 गीगावाट बिजली उत्पादन का आंकड़ा पार कर लिया। इसके दो दिन बाद, 15 जुलाई को यह उपलब्धि फिर दोहराई गई। उस दिन उत्पादन पहले 102.42 गीगावाट और फिर 100.9 गीगावाट तक पहुंचा। उसी दोपहर कुछ मिनटों के लिए देश…
बिजली संकट से देश बच जाए अगर AC की एफिशियंसी दोगुनी हो जाए
भारत में मई की रातें अब पहले जैसी नहीं रही। रात के ग्यारह बजे भी दीवारें गर्म रहती हैं। पंखा चलता रहता है, मगर हवा में राहत नहीं होती। नोएडा की किसी सोसाइटी में इन्वर्टर की बीप सुनाई देती है। लखनऊ के किराए के कमरे में बच्चा करवट बदलता है। अहमदाबाद में कोई बुज़ुर्ग बालकनी…
कोयले के प्लांट बढ़े, मगर दुनिया ने कम जलाया कोयला
दुनिया अजीब मोड़ पर खड़ी है।एक तरफ नए कोयला बिजलीघर अब भी बन रहे हैं। दूसरी तरफ उन्हीं देशों में कोयले से बनने वाली बिजली घट रही है। यानी प्लांट बढ़ रहे हैं, लेकिन कोयला पहले जितना जल नहीं रहा। यही तस्वीर सामने आई है Global Energy Monitor की नई रिपोर्ट Boom and Bust 2026 में।…
रिसाव जो दिखता नहीं, असर जो रुकता नहीं: मीथेन की कहानी
दुनिया इस वक्त ऊर्जा संकट और क्लाइमेट संकट, दोनों के बीच खड़ी है। एक तरफ गैस की कमी की चिंता है, दूसरी तरफ वही गैस हवा में बेवजह उड़ रही है। यह विरोधाभास अब और साफ दिखने लगा है। International Energy Agency की नई रिपोर्ट Global Methane Tracker 2026 इसी कहानी को सामने लाती है।…
हर घर कुछ कहता है, मगर छिपा कार्बन वहां खामोश रहता है
जब हम नया घर बनाते हैं, तो अक्सर सोचते हैं कि बिजली का बिल कितना आएगा, AC कितना चलेगा, या घर कितना ठंडा रहेगा। लेकिन एक सच्चाई ऐसी भी है, जो घर बनते ही शुरू हो जाती है, और दिखती नहीं। वो है उस घर में “छिपा हुआ कार्बन”। Greentech Knowledge Solutions की एक नई…
क्लाइमेट के मोर्चे पर स्टील सेक्टर फेल. स्कोरकार्ड ने खोली पोल
दुनिया की ऊंची-ऊंची इमारतें, पुल, रेल और फैक्ट्रियां जिस स्टील पर खड़ी हैं, उसी स्टील सेक्टर की क्लाइमेट तैयारी अब सवालों के घेरे में है। क्लाइमेट वाच द्वारा जारी नए “कॉरपोरेट स्कोरकार्ड” ने एक साफ और असहज तस्वीर सामने रखी है, जिसमें दुनिया की 18 बड़ी स्टील कंपनियों में से एक भी ऐसी नहीं है…
धीमी पड़ी एमिशन की रफ्तार, क्या भारत एनर्जी ट्रांजिशन के मोड़ पर है
भारत की अर्थव्यवस्था के साथ एमिशन के तेजी से बढ़ने का जो पुराना पैटर्न रहा है, उसमें 2025 एक अलग संकेत लेकर आया है। Centre for Research on Energy and Clean Air के विश्लेषण, जिसे Lauri Myllyvirta और Anubha Bhardwaj ने तैयार किया है, के अनुसार 2025 में भारत के कार्बन डाइऑक्साइड एमिशन में वृद्धि…