बीजिंग में हर साल होने वाली एक बैठक दुनिया की ऊर्जा और क्लाइमेट राजनीति का रुख तय करती है. यह बैठक है National People’s Congress की. यहीं से निकलता है चीन का पाँच साल का रोडमैप. और इस बार जो दस्तावेज सामने आया है, वह एक दिलचस्प कहानी कहता है. एक तरफ साफ ऊर्जा का…
चलिए पढ़ा जाये
कोयला खत्म, कहानी नहीं. नेयवेली की खदानों में शुरू हुआ दूसरा जीवन
मयूरी सिंह तमिलनाडु के कड्डालोर ज़िले में नेयवेली के आसपास का इलाका आज भी उस इंडस्ट्रियल दौर की कहानी सुनाता है जिसने कई दशकों तक भारत की एनर्जी व्यवस्था को चलाया। दूर तक फैले खुले गड्ढे, सीढ़ीनुमा मिट्टी के ढलान, और मशीनों से तराशी हुई ज़मीन यह याद दिलाती है कि लिग्नाइट माइनिंग ने इस…
सिर्फ धुआँ नहीं, मौसम भी बढ़ा रहा शहरों की हवा में ज़हर
भारत के बड़े शहरों में बढ़ते प्रदूषण को अक्सर सिर्फ उत्सर्जन का नतीजा माना जाता है। गाड़ियों का धुआँ, उद्योगों का धुआँ, कूड़ा जलाना। मगर एक नई स्टडी बताती है कि कहानी इससे कहीं ज़्यादा जटिल है। दरअसल कई शहरों में हवा की गुणवत्ता सिर्फ इस बात से तय नहीं होती कि कितना प्रदूषण निकल…
पश्चिम एशिया संकट के बीच 100% इलेक्ट्रिफिकेशन के करीब भारतीय रेलवे
दुनिया के कई हिस्सों में युद्ध की आहट से ऊर्जा बाज़ार फिर अस्थिर हो रहे हैं। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, खासकर ईरान, इज़रायल और अमेरिका के बीच टकराव ने एक बार फिर यह याद दिलाया है कि तेल और गैस पर निर्भर दुनिया कितनी असुरक्षित है। भारत भी इससे अलग नहीं है। देश अपनी…
तेल-गैस के प्रोजेक्ट अब 15 साल में चालू, इंडस्ट्री के गोल्डन पीरियड से तीन गुना स्लो
तेल और गैस इंडस्ट्री कभी स्पीड के लिए जानी जाती थी। खोज हुई, डेवलपमेंट प्लान बना, चार पांच साल में प्रोडक्शन शुरू। अब औसत समय 15 साल से ऊपर चला गया है। की मार्च 2026 में जारी नई रिपोर्ट बताती है कि 2025 में जिन ऑयल और गैस फील्ड्स ने प्रोडक्शन शुरू किया, उन्हें खोज…
भारी निवेश के बावजूद 2030 के लक्ष्य के लिए ईवी सेक्टर में एकीकृत निवेश ढांचा ज़रूरी
सड़क पर इलेक्ट्रिक गाड़ियाँ दिख रही हैं.तीन पहिया ईवी ने शहरों की लास्ट माइल डिलीवरी बदल दी है.प्रीमियम इलेक्ट्रिक कारें अब स्टेटस सिंबल भी हैं. लेकिन कागज़ पर रखे आंकड़े एक अलग कहानी कहते हैं. Institute for Energy Economics and Financial Analysis यानी IEEFA की 25 फरवरी 2026 को जारी रिपोर्ट के अनुसार 2020 से…
इलेक्ट्रिसिटी ट्रांज़िशन पर नई रिपोर्ट: 21 राज्य, 21 रफ्तार
दिल्ली में रात भर पंखा चलता है. कर्नाटक में सोलर पार्क चमक रहे हैं. बिहार स्मार्ट मीटर लगा रहा है.राजस्थान ग्रीन टैरिफ सस्ता कर रहा है. भारत की बिजली कहानी अब एक जैसी नहीं रही. यह कई राज्यों की अलग.अलग रफ्तार वाली कहानी बन चुकी है. नई संयुक्त रिपोर्ट, Institute for Energy Economics and Financial Analysis यानी IEEFA और Ember की, बताती…
सिमट रहे हैं चरागाह, मंडरा रहा है मवेशियों की दुनिया पर जलवायु संकट
राजस्थान के किसी गांव की सुबह सोचिए.चरवाहा अपने मवेशियों को लेकर निकलता है.घास पहले जितनी घनी नहीं.हवा सूखी है.और गर्मी कुछ ज़्यादा लग रही है. यह सिर्फ एक मौसम का उतार.चढ़ाव नहीं.नई वैज्ञानिक स्टडी कहती है कि अगर तापमान इसी तरह बढ़ता रहा तो इस सदी के अंत तक दुनिया के 36 से 50 प्रतिशत…
तापमान 30 डिग्री पार, कॉफी संकट गहरा रहा है
सुबह की कॉफी अब सिर्फ स्वाद नहीं, तापमान की कहानी है.30 डिग्री सेल्सियस.यही वह सीमा है जहां से कॉफी पौधों पर हीट स्ट्रेस शुरू होता है. नई अंतरराष्ट्रीय विश्लेषण रिपोर्ट के अनुसार जलवायु परिवर्तन ने दुनिया के प्रमुख कॉफी उत्पादक क्षेत्रों में ऐसे गर्म दिनों की संख्या तेज़ी से बढ़ा दी है, जो कॉफी फसल…
ट्रकों के लिए डेटा की सड़क पर होगी डीकार्बनाइज़ेशन की दूरी पूरी
अगर किसी देश को अपने एमिशन घटाने हैं, तो क्या वह उन सेक्टरों को नज़रअंदाज़ कर सकता है जो चुपचाप सबसे तेज़ी से बढ़ रहे हैं? भारत के लिए जवाब साफ है. नहीं. इसी पृष्ठभूमि में स्मार्ट फ्रेट सेंटर इंडिया, TERI और IIM-Bangalore ने मिलकर एक व्हाइटपेपर जारी किया है.नाम थोड़ा तकनीकी है. Institutionalizing Freight…